गोवरà¥à¤§à¤¨ पूजा पà¥à¤°à¤•ृति की आराधना : मà¥à¤–à¥à¤¯à¤®à¤‚तà¥à¤°à¥€ शà¥à¤°à¥€ चौहान
मà¥à¤–à¥à¤¯à¤®à¤‚तà¥à¤°à¥€ शà¥à¤°à¥€ शिवराज सिंह चौहान ने आज सपतà¥à¤¨à¤¿à¤• मà¥à¤–à¥à¤¯à¤®à¤‚तà¥à¤°à¥€ निवास में गोवरà¥à¤§à¤¨ की पूजा की। मà¥à¤–à¥à¤¯à¤®à¤‚तà¥à¤°à¥€ ने कहा कि गोवरà¥à¤§à¤¨ पूजा वासà¥à¤¤à¤µ में पà¥à¤°à¤•ृति की आराधना है, à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ संसà¥à¤•ृति का आधार है।
शà¥à¤°à¥€ चौहान ने कहा कि गोवरà¥à¤§à¤¨-पूजा पà¥à¤°à¤•ृति के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ आदर और आà¤à¤¾à¤° वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤ करने का परà¥à¤µ है। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने कहा कि हमारे देश में पहाड़ों, नदियों, पेड़-पौधों, वनसà¥à¤ªà¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को पूजने की परंपरा है। इनके बगैर सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ à¤à¤µà¤‚ सà¥à¤¦à¥€à¤°à¥à¤˜ जीवन की कलà¥à¤ªà¤¨à¤¾ à¤à¥€ संà¤à¤µ नहीं है। मà¥à¤–à¥à¤¯à¤®à¤‚तà¥à¤°à¥€ ने कहा कि ऋषियों ने परà¥à¤¯à¤¾à¤µà¤°à¤£ बचाने की परिकलà¥à¤ªà¤¨à¤¾ की थी। à¤à¤—वान शà¥à¤°à¥€à¤•ृषà¥à¤£ ने विशà¥à¤µ को परà¥à¤¯à¤¾à¤µà¤°à¤£ संरकà¥à¤·à¤£ का संदेश दिया था।
शà¥à¤°à¥€ चौहान ने लोगों का आवà¥à¤¹à¤¾à¤¨ किया कि पà¥à¤°à¤•ृति का दोहन करें, शोषण नहीं। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने कहा कि शोषण से पà¥à¤°à¤•ृति में असंतà¥à¤²à¤¨ पैदा होता है और जलवायॠपरिवरà¥à¤¤à¤¨ जैसी समसà¥à¤¯à¤¾à¤à¤‚ उतà¥à¤ªà¤¨à¥à¤¨ होती हैं। शà¥à¤°à¥€ चौहान ने आने वाली पीà¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के लिये धरती और नदियाठबचाने पर बल दिया। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने पà¥à¤°à¤•ृति, पेड़-पौधों और पकà¥à¤·à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के संरकà¥à¤·à¤£ तथा गौमाता के संवरà¥à¤§à¤¨ की आवशà¥à¤¯à¤•ता पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤ªà¤¾à¤¦à¤¿à¤¤ की।
इस अवसर पर विधायक शà¥à¤°à¥€ रामेशà¥à¤µà¤° शरà¥à¤®à¤¾, à¤à¥‹à¤ªà¤¾à¤² विकास पà¥à¤°à¤¾à¤§à¤¿à¤•रण के अधà¥à¤¯à¤•à¥à¤· शà¥à¤°à¥€ ओम यादव à¤à¤µà¤‚ गणमानà¥à¤¯ नागरिक मौजूद थे।