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लोकसभा में आयकर संशोधन बिल पास, जेटली बोले- 70 हजार करोड़ का कालाधन बाहर आया

लोकसभा में मंगलवार को हंगामे के बीच आयकर संशोधन बिल 2016 पास हो गया. कांग्रेस ने सदन में इस बिल पर चर्चा करने पर आपत्त‍ि जताई. बीजेपी ने अपने सभी सांसदों को व्हिप जारी कर इस बिल के लिए सदन में मौजूद रहने का निर्देश दिया था. यह बिल पास होने के बाद लोकसभा को बुधवार तक के लिए स्थगित कर दिया गया.

वित्त मंत्री अरुण जेटली ने इस बिल पर कहा कि सरकार ने कालेधन के खिलाफ लगातार कदम उठाए हैं.सरकार ब्लैक मनी कानून लाई और करीब 70 हजार करोड़ का कालाधन बाहर आया. लोकसभा स्पीकर सुमित्रा महाजन ने कहा कि हंगामे के बीच चर्चा संभव नहीं है. विपक्ष चर्चा नहीं चाहता.

इससे पहले संसद के दोनों सदनों में मंगलवार को भी नोटबंदी के मुद्दे पर हंगामा हुआ, जिसके बाद  दो बार लोकसभा स्थगित हुई. राज्यसभा में सांसदों ने 'नरेंद्र मोदी सदन में आओ' के नारे  लगाए. इसके बाद सदन को स्थगित करना पड़ा.

सदन में पीएम की उपस्थिति की मांग
संसद में गतिरोध के बीच विपक्ष झुकने का नाम नहीं ले रहा है. विपक्ष का कहना है कि सरकार ने राज्यसभा को किनारे कर आयकर संशोधन बिल को पेश किया है, हम इस मुद्दे को सदन में उठाएंगे. विपक्ष के नेताओं ने दोनों सदनों में प्रधानमंत्री की उपस्थिति की मांग की है और लोकसभा के नियम 56 के तहत सदन में बहस की मांग की है. विपक्ष नोटबंदी के मुद्दे पर लगातार संयुक्त संसदीय समिति की भी मांग कर रहा है.

सदन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्षी सदस्यों ने केंद्र के नोटबंदी के कदम के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी. विपक्षी सदस्यों ने मुद्दे पर स्थगन प्रस्ताव के तहत बहस की मांग की. लेकिन सरकार ने विपक्ष की मांग अस्वीकार कर दी.

लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने प्रश्नकाल शुरू करने की कोशिश की, लेकिन हंगामा जारी रहने के कारण उन्होंने सदन की कार्यवाही पहले पहले 11.30 बजे तक और उसके बाद दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी. इसके बाद कार्यवाही को 2 बजे तक स्थगित किया गया.

नोटबंदी के फैसले के खिलाफ सोमवार को भारत बंद का ऐलान किया गया था, जिसका खास असर नहीं देखा गया. लेकिन नोटबंदी के मुद्दे पर संसद के दोनों सदनों में जमकर हंगामा हुआ. हालांकि गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने सदन में कहा कि प्रधानमंत्री मोदी नोटबंदी पर सदन में बोलने को तैयार है, लेकिन बहस किस नियम के तहत होगी, यह लोकसभा स्पीकर तय करेंगी.

राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष गुलाम नबी आजाद ने कहा कि ऐसा पहली बार हो रहा है कि नीति से संबंधित एक महत्वपूर्ण मुद्दे पर संसद के किसी भी सदन में सरकार ने कोई बयान नहीं दिया है.

 

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