"नमामि देवी नरà¥à¤®à¤¦à¥‡" सेवा यातà¥à¤°à¤¾ का 16 वाठदिन
मà¥à¤–à¥à¤¯à¤®à¤‚तà¥à¤°à¥€ शà¥à¤°à¥€ चौहान के साथ परà¥à¤¯à¤¾à¤µà¤°à¤£ संरकà¥à¤·à¤£ के लिये समरà¥à¤ªà¤¿à¤¤ दो विà¤à¥‚ति होंगी शामिल
à¤à¥‹à¤ªà¤¾à¤² :
'नमामि देवी नरà¥à¤®à¤¦à¥‡'' सेवा यातà¥à¤°à¤¾ के 16 वें दिन मà¥à¤–à¥à¤¯à¤®à¤‚तà¥à¤°à¥€ शà¥à¤°à¥€ शिवराज सिंह चौहान नदी संरकà¥à¤·à¤£ के लिये समरà¥à¤ªà¤¿à¤¤ दो विà¤à¥‚तियों के साथ जबलपà¥à¤° जिले के बरगी में यातà¥à¤°à¤¾ में शामिल होंगे।
परà¥à¤¯à¤¾à¤µà¤°à¤£ संरकà¥à¤·à¤£ के लिये देश के सबसे बड़े महा-अà¤à¤¿à¤¯à¤¾à¤¨ नरà¥à¤®à¤¦à¤¾ सेवा यातà¥à¤°à¤¾ में 26 दिसमà¥à¤¬à¤° को परà¥à¤¯à¤¾à¤µà¤°à¤£ संरकà¥à¤·à¤£ के लिये समरà¥à¤ªà¤¿à¤¤ बाबा बलबीर सिंह सीचेवाल शामिल होंगे। शà¥à¤°à¥€ सीचेवाल ने पंजाब की पà¥à¤°à¤¦à¥‚षित कालीबेई नदी को सà¥à¤µà¤šà¥à¤› करने का अà¤à¤¿à¤¯à¤¾à¤¨ चलाया था। उनका यह अà¤à¤¿à¤¯à¤¾à¤¨ सफल रहा। उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾à¤à¤° से चà¥à¤¨à¥‡ गये 30 हीरोज ऑफ à¤à¤¨à¥à¤µà¤¾à¤¯à¤°à¤®à¥‡à¤‚ट में 'परà¥à¤¯à¤¾à¤µà¤°à¤£ नायक'' का खिताब दिया गया था। शà¥à¤°à¥€ सीचेवाल ने अकेले दम पर पंजाब के होशियारपà¥à¤° जिले में 160 किलोमीटर बहने वाली कालीबेई नदी, जो à¤à¤• गंदे नाले में परिवरà¥à¤¤à¤¿à¤¤ हो गयी थी, उसे न केवल सà¥à¤µà¤šà¥à¤› किया, बलà¥à¤•ि उसे पवितà¥à¤° बनाया। इस नदी का à¤à¤¤à¤¿à¤¹à¤¾à¤¸à¤¿à¤• और धारà¥à¤®à¤¿à¤• महतà¥à¤µ है। लगà¤à¤— 500 साल पहले गà¥à¤°à¥à¤¨à¤¾à¤¨à¤• देव को यहीं अंतरà¥à¤œà¥à¤žà¤¾à¤¨ पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ हà¥à¤† था। वरà¥à¤· 2000 में सिकà¥à¤– धरà¥à¤®à¤—à¥à¤°à¥ बलबीर सिंह ने इस नदी को साफ करने का संकलà¥à¤ª लिया। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने अपने सà¥à¤µà¤¯à¤‚सेवकों के साथ मिलकर तटों का निरà¥à¤®à¤¾à¤£ किया, नदी के किनारे सड़क बनायी और लोगों को जागृत किया कि वे इसमें कचरा न डाले। आज यह नदी, जिसके पास से लोग गà¥à¤œà¤°à¤¤à¥‡ थे तो मà¥à¤à¤¹ पर रà¥à¤®à¤¾à¤² रखते थे, वह पिकनिक का मà¥à¤–à¥à¤¯ सà¥à¤¥à¤¾à¤¨ बन गया है।
सà¥à¤µà¤¾à¤®à¥€ गिरीशानंदजी à¤à¥€ परà¥à¤¯à¤¾à¤µà¤°à¤£ संरकà¥à¤·à¤£ के महानायक बनकर उà¤à¤°à¥‡à¥¤ उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने जबलपà¥à¤° में बहने वाले खणà¥à¤¡à¤¾à¤°à¥€ नाला, जिसका गंदा पानी नरà¥à¤®à¤¦à¤¾ में मिलता था, उसे रोकने के लिये साधà¥-संतों के साथ à¤à¤• बड़ा आंदोलन किया। आंदोलन का परिणाम यह हà¥à¤† कि वहाठजन-सहयोग से à¤à¤• à¤à¤¸à¤¾ पà¥à¤°à¤¾à¤•ृतिक टà¥à¤°à¥€à¤Ÿà¤®à¥‡à¤‚ट पà¥à¤²à¤¾à¤‚ट लगाया गया, जिससे नरà¥à¤®à¤¦à¤¾ नदी में गंदा जल मिलने से रà¥à¤•ा। यह पà¥à¤²à¤¾à¤‚ट पूरी तरह पà¥à¤°à¤¾à¤•ृतिक तरीके से संचालित होता है। इसमें न कोई ऑपरेटर है और न ही इसमें बिजली का उपयोग किया जाता है। लगà¤à¤— 200-300 मीटर के बाद यह नाला नरà¥à¤®à¤¦à¤¾ नदी में मिलता था। इसके मधà¥à¤¯ इसे à¤à¤¸à¥‡ जीवाणà¥à¤“ं के जरिये इसका पानी शà¥à¤¦à¥à¤§ बनाया जाता है, जो गंदगी को खतà¥à¤® करते हैं। इस शà¥à¤¦à¥à¤§à¤¿à¤•रण अà¤à¤¿à¤¯à¤¾à¤¨ पर जन-सहयोग से लगà¤à¤— 40 लाख रà¥à¤ªà¤¯à¥‡ वà¥à¤¯à¤¯ किये गये।
बरगी में 26 दिसमà¥à¤¬à¤° को होने वाली नरà¥à¤®à¤¦à¤¾ सेवा यातà¥à¤°à¤¾ में सà¥à¤ªà¥à¤°à¤¸à¤¿à¤¦à¥à¤§ अà¤à¤¿à¤¨à¥‡à¤¤à¤¾ और सामाजिक सरोकार से जà¥à¥œà¥‡ शà¥à¤°à¥€ आशà¥à¤¤à¥‹à¤· राणा à¤à¥€ शामिल होंगे।