भाजपा संगठन महामंत्री हितानंद शर्मा ने पार्षदों की ली क्लास, पूछा- कौन कौन स्वदेशी अपनाता है?
भाजपा के प्रदेश संगठन महामंत्री हितानंद शर्मा ने शुक्रवार को भाजपा के पार्षदों की क्लास ली। उन्होंने जब पार्षदों से उनके वार्डों का रिपोर्ट कार्ड पूछा तो कई महिला पार्षद ठीक से जवाब नहीं दे पाईं। शर्मा ने संवाद के रूप में पार्षदों से सवाल पूछे, लेकिन ज्यादातर पार्षद जवाब देने से बचते रहे। उन्होंने पार्षदों से कहा कि स्वदेशी अपनाना चाहिए। हमारी पार्टी इस पर जोर देती है। बताइये जरा-कौन कौन स्वदेशी वस्तुएं अपनाता है, लेकिन किसी पार्षद ने जवाब नहीं दिया।इसके बाद शर्मा ने कहा कि इंदौर में भाजपा के लाखों कार्यकर्ता हैं। यदि बूथ स्तर पर कार्यकर्ता से मिलना है तो कैसे व्यवस्था करेंगे पार्षद, लेकिन इसका भी कोई जवाब देने आगे नहीं आया, हालांकि, फिर शर्मा ने ही पार्षदों को समझाया। उन्होंने पार्षदों से कहा कि अपेक्षा, उपेक्षा और समीक्षा के हिसाब से खुद का आकलन करें। जनता जनप्रतिनिधियों से अपेक्षा करेगी, लेकिन पार्षद को जनता और कार्यकर्ता की उपेक्षा नहीं करना है। उनसे प्रेमपूर्वक व्यवहार करना चाहिए। इसके अलावा पार्षदों को खुद के कामों की समीक्षा भी करना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि पार्षद यदि संगठन में बड़े नेतागणों से उपेक्षा नहीं चाहते है तो वे अपने कार्यकर्ता की उपेक्षा न करे।हितानंद शर्मा हाॅल में आवश्यकता से ज्यादा हैलोजन और पंखे देखकर बोले कि एनर्जी सेविंग पर ध्यान देना चाहिए। इस हाॅल में इतने हैलोजनों की जरूरत नहीं है। जितने लोग हाॅल में हैं। उतनों के लिए 12 पंखे ही पर्याप्त हैं, लेकिन यहां तो 20 पंखे चल रहे हैं। हाॅल के बाद अव्यवस्थित रखे गए जूते-चप्पलों को लेकर उन्होंने कहा कि मैं जब हाॅल में प्रवेश कर रहा था तो बिखरे जूते-चप्पल देखकर लगा ही नहीं कि संगठन की बैठक में जा रहा हूं। इन बातों का ध्यान रखना चाहिए।बैठक के पहले सत्र में शर्मा ने एक नंबर वार्ड से 40 नंबर वार्ड के पार्षदों का रिपोर्ट कार्ड मांगा। कुछ महिला पार्षद बस यह बोलकर खामोश हो गईं कि उनके वार्डों में अच्छे काम हुए हैं। इसके लिए हम पार्टी का धन्यवाद करते हैं। एक पार्षद रुपाली पेंढ़ारकर क्रम से पहले रिपोर्ट कार्ड प्रस्तुत करना चाहती थीं तो उन्हें रोक दिया गया। इससे नाराज होकर वह चली गईं। दूसरे सत्र में 41 से लेकर 85 वार्ड के पार्षदों ने कामों की जानकारी दी।