भारत में रहना है तो ‘राम-कृष्ण की जय’ कहना होगा: मुख्यमंत्री मोहन यादव
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा है कि भारत में रहने वालों को राम-कृष्ण की जय कहना होगा। उन्होंने रहीम और रसखान का जिक्र करते हुए कहा कि उन्हें इसलिए याद किया जाता है क्योंकि वह खुद को इस मिट्टी से जोड़कर चले। मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसा नहीं चलेगा कि यहां का खाएं और कहीं और का बजाएं।
मोहन यादव ने सोमवार को अशोकनगर जिले के चंदेरी में जन्माष्टमी के अवसर पर आयोजित 'श्रीकृष्ण पर्व' कार्यक्रम में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने कहा, 'रहीम-रसखान अपने को यहां की मिट्टी में जोड़कर चले। सदियों से हम उनका स्मरण करते हैं। जो यहां का खाता है और कहीं और का बजाता है यह नहीं चलेगा। भारत में रहना होगा तो राम-कृष्ण की जय कहना होगा।'
मोहन यादव ने कहा, 'हमारे देश के अंदर हम सबका सम्मान करना चाहते हैं। हम किसी का अपमान नहीं करते हैं। हमारे देश में पवित्रता के बलबूते पर कितना अच्छा लगता है आज मैं चंदेरी में हैंडलूम पार्क में गया, क्या हिंदू क्या मुसलमान क्या धूमधाम से मेहनत कर रहे हैं। यह पवित्रता का भाव चाहिए। हम तो सभी के लिए पवित्रता का भाव रखते हैं। आपकी पूजा पद्धति कोई भी हो, आप किसी भी धर्म को मानते हों, सब छूट है आपको। लेकिन सबसे पहले देश भक्ति भी चाहिए। देशभक्ति के बिना कुछ नहीं हो सकता है। देश है तो हम सब रहेंगे। इसलिए देशभक्ति की जरूरत है।'
मुख्यमंत्री ने कहा कि कई विरोधी कहते हैं कि लाडली बहना योजना बंद हो जाएगी। तुम रोज रोते रहो, हम देते रहेंगे लगातार। यह योजना चलती रहेगी। बहन बेटी का भला नहीं करेंगे तो किसका करेंगे। दुनिया में 200 से ज्यादा देश हैं, अमेरिका, रूस, चीन, जापान, इंग्लैंड, कोई अपने संबंध माता बहनों से नहीं जोड़ते, पुरुष प्रधान संस्कृति से जाने जाते हैं। कोई अमेरिका माता की जय नहीं बोलता, कोई इंग्लैंड को माता नहीं करता, सिर्फ भारत अपना संबंध माता से जोड़ता है, इसलिए कहते हैं भारत माता की जय।