à¤à¥‚सà¥à¤¸à¤–लन के बाद बदà¥à¤°à¥€à¤¨à¤¾à¤¥ का रासà¥à¤¤à¤¾ बंद, करीब 15 हजार यातà¥à¤°à¥€ फंसे
शà¥à¤•à¥à¤°à¤µà¤¾à¤° दोपहर बदà¥à¤°à¥€à¤¨à¤¾à¤¥ मारà¥à¤— पर à¤à¥‚सà¥à¤¸à¤–लन से करीब 15 हजार यातà¥à¤°à¥€ फंस गठहैं. बॉरà¥à¤¡à¤° रोड ऑरà¥à¤—ेनाइजेशन (बीआरओ) का कहना है कि सड़क को दोबारा चालू करने में 2 दिन तक का वकà¥à¤¤ लग सकता है.
à¤à¤¸à¥‡ हà¥à¤† हादसा
शà¥à¤•à¥à¤°à¤µà¤¾à¤° की दोपहर को करीब 3.30 बजे जोशीमठसे करीब 8 किलोमीटर दूर विषà¥à¤£à¥à¤ªà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤— के पास पहाड़ का à¤à¤• बड़ा हिसà¥à¤¸à¤¾ सड़क पर आ गिरा. गनीमत रही कि इसमें कोई हताहत नहीं हà¥à¤†. लेकिन पहाड़ी टूटने से बदà¥à¤°à¥€à¤¨à¤¾à¤¥ का रासà¥à¤¤à¤¾ बंद हो गया है. सड़क का करीब 150 मीटर का हिसà¥à¤¸à¤¾ पूरी तरह तबाह हो गया है. पहाड़ का ये हिसà¥à¤¸à¤¾ पिछले 2 दिनों से दरक रहा था. लिहाजा यातà¥à¤°à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को दà¥à¤°à¥à¤˜à¤Ÿà¤¨à¤¾à¤¸à¥à¤¥à¤² से करीब 200 मीटर पीछे ही रोक दिया गया था.
मà¥à¤¶à¥à¤•िल में यातà¥à¤°à¥€
हादसे की वजह से करीब 15 हजार यातà¥à¤°à¥€ बदà¥à¤°à¥€à¤¨à¤¾à¤¥ धाम के रासà¥à¤¤à¥‡ में फंस गठहैं. उतà¥à¤¤à¤°à¤¾à¤–ंड सरकार ने उनके ठहरने के लिठउचित पà¥à¤°à¤¬à¤‚ध करने के निरà¥à¤¦à¥‡à¤¶ दिठहैं. यातà¥à¤°à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को वहीं रà¥à¤•ने के लिठकहा गया है. रासà¥à¤¤à¥‹à¤‚ में खड़ी गाड़ियों को à¤à¥€ रोके रखने के आदेश दिये गठहैं. हालत ये है कि देश के कोने-कोने से आठशà¥à¤°à¤¦à¥à¤§à¤¾à¤²à¥ अब सड़क के दोनों ओर बैठकर इंतजार कर रह रहे हैं. कà¥à¤› लोग रासà¥à¤¤à¥‡ से ही लौटने की à¤à¥€ तैयारी कर रहे हैं.
पहले à¤à¥€ हो चà¥à¤•ा है हादसा
ये वही जगह है जहां साल 2015 में à¤à¥€ à¤à¥‚सà¥à¤¸à¤–लन हà¥à¤† था. तब à¤à¥€ ये रासà¥à¤¤à¤¾ करीब 1 हफà¥à¤¤à¥‡ तक बंद रहा था. उस वकà¥à¤¤ की सरकार ने यातà¥à¤°à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को निकालने के लिठसबà¥à¤¸à¤¿à¤¡à¥€ पर हेलीकॉपà¥à¤Ÿà¤° यातà¥à¤°à¤¾à¤à¤‚ शà¥à¤°à¥‚ करवाई थीं. इस बार बीआरओ के अधिकारी सड़क को 2 दिनों मे दोबारा खोलने का दावा कर रहे हैं.